
कोरबा 03 मई। जिले में एसईसीएल दीपका प्रबंधन की मनमानी से भडके हरदीबाजार के लोगों ने उसके ओव्हर बर्डन को बंद करा दिया। लोगों ने कहा कि मुआवजा और पुनर्वास के बिना हमारी बस्ती के नजदीक ऐसे कार्यों को बर्दाश्त नहीं किया जायेगा।
शांतिनगर मोहल्ला से लगे ग्राम मलगांव फेस पर ओबी उत्खनन के लिए लगी तीन पीसी मशीन व दर्जनों भारी वाहनों की आवाजाही से जहां धूल से मोहल्ला पट रहा था, तो दूसरी ओर उत्खनन से होनी वाली जल संकट ने परेशानी बढ़ा दी। लोगों ने इसका विरोध किया। दीपका महाप्रबंधक के नाम एक मांग पत्र एसईसीएल दीपका से आए भू-राजस्व अधिकारी सुशील साहू, अजय राठौर को दिया गया। जिसमें हरदीबाजार शांतिनगर मोहल्ला से संबंधित समस्याएं बताई गई।
कहा गया कि बची-खुची जल स्रोत को निगलने प्रबंधन मोहल्ले के नजदीक बिना दायरा छोड़ उत्खनन कर रही है। मोहल्लेवासियों का साफ कहना है कि हमने एसईसीएल व प्रशासन का साथ देकर शांतिपूर्वक मकानों व परिसंपत्तियों की नापी कराई है,जल्द से जल्द दीपका प्रबंधन संतोष जनक मुआवजा राशि बसाहट, नौकरी सुनिश्चित करें, हम खदान की जद से चले जाएंगे। खदान में समाहित होने से जल संकट इस भीषण गर्मी में और बढ़ गई है। खास तौर पर कालेज रोड, गांधीनगर, हास्पिटल मोहल्ला, पुराना दीपका रोड़, भांठापारा, बस्ती सहित हरदीबाजार के सभी मोहल्लों में टेंकर से जलापूर्ति की जा रही है जो नकाफी है, वहीं ज्यादातर मोहल्लों में संकरी गलिया है, जहां टेंकर नहीं पहुंच पाता हैं, जिससे लोगों का जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गई है। मोहल्ले वासियों ने खदान सुरक्षा दायरा क्षेत्र छोड़ कर ओबी उत्खनन करने आबादी के नजदीक ब्लास्टिंग नहीं करने की हिदायत दी है। अन्यथा सभी मोहल्ले वासियों ने पुनरू विरोध कर अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन करने, जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी दीपका प्रबंधन की होगी।
सरपंच लोकेश्वर कंवर ने कहा कि एसईसीएल दीपका प्रबंधन को खदान सुरक्षा को नजर अंदाज नहीं करना चाहिए। नजदीक में घनी आबादी वाला बस्ती है आरोप लगाते हुए अजय दुबे (भाजपा जिला मंत्री) ने कहा कि एसईसीएल दीपका प्रबंधन जबरदस्ती व मनमानी पूर्वक खदान संचालन कर रही है। घनी आबादी से खदान सुरक्षा दायरा छोड़ उत्खनन करें।

