राज्योत्सव के दूसरी शाम गूँजी अलका चंद्राकर की मधुर आवाज, दर्शक हुए मंत्रमुग्ध
स्थानीय कलाकारों ने भी दी आकर्षक कार्यक्रमों की प्रस्तुति
कलाकारों की शानदार प्रस्तुतियों से दर्शक हुए उत्साहित

कोरबा 04 नवम्बर। पृथक छत्तीसगढ़ राज्य की स्थापना के 25 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में राज्य शासन द्वारा इस वर्ष को रजत वर्ष के रूप में बड़े हर्षोल्लास से मनाया जा रहा है। इसी क्रम में नगर के ’घण्टाघर स्थित ओपन थिएटर मैदान’ में राज्योत्सव-2025 का जिला स्तरीय तीन दिवसीय भव्य आयोजन किया गया है।

आयोजन के दूसरे दिन 03 नवम्बर को मंच पर छत्तीसगढ़ी लोक संस्कृति की झलक दिखाई दी। प्रख्यात छत्तीसगढ़ी लोक गायिका अलका चंद्राकर ने अपनी सुमधुर आवाज में एक से बढ़कर एक जस गीत एवं लोकगीतों की प्रस्तुति देकर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। उनके गीतों पर दर्शक तालियों की गड़गड़ाहट से झूम उठे और पूरा वातावरण छत्तीसगढ़ी सुरों से गूंज उठा। मां जगदम्बा की आराधना के साथ अपने कार्यक्रम की शुरुआत करते हुए तरी हरि ना .. सुआ लहकत है डार मा , जैसे सुआगीत एवं जसगीतो के साथ ही अनेक लोकगीत की प्रस्तुति दी।

कार्यक्रम में अलका चंद्राकर के साथ-साथ स्थानीय लोक कलाकारों ने भी आकर्षक प्रस्तुतियाँ देकर छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोक परंपरा को जीवंत कर दिया। इशिता कश्यप, स्नेहा भक्ता, अशवीका साव, अरशिका आर्या, मौली राठौर, मोहम्मद इस्माइल शेख, अपूर्वा सिंह, धारा सोनवानी, पृथा मिश्रा, भारती चौरसिया, मोनिका अग्रवाल, गायत्री दीवान, कृष्ण नंद चौहान, जया राठौर, धनसाय साहू, थिरमन दास जैसे कलाकारों द्वारा आकर्षक कार्यक्रम प्रस्तुत किया गया। लोकनृत्य, गीत-संगीत और पारंपरिक कला से सजे कार्यक्रम ने राज्योत्सव के दूसरे दिवस को अविस्मरणीय बना दिया। इस अवसर पर नगर निगम सभापति श्री नूतन सिंह ठाकुर, सीईओ जिला पंचायत श्री दिनेश नाग, डॉ राजीव सिंह, श्री गोपाल मोदी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं अधिकारीगण उपस्थित थे।

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