चार मांगों को लेकर नाराज कर्मचारी हड़ताल पर, सरकारी कार्यालयों में छाया सन्नाटा

राज्य प्रशासन सेवा के अधिकारी हडताल में शामिल नहीं

कोरबा 27 सितंबर। अधिकारी-कर्मचारी फेडरेशन इस बात से नाराज है कि उसे महंगाई भत्ता केंद्र के समान आखिर कब मिलेगा। उसने सरकार को अपना पिछला वादा याद दिलाते हुए अफसोस जाहिर किया। अल्टीमेटम देने के बाद आज फेडरेशन से जुड़े लोग हड़ताल पर चले गए। इसके कारण सरकारी कार्यालयों में लगभग सन्नाटा नजर आया।

कुल चार मांगें फेडरेशन की है जिसे हड़ताल पर जाने का विकल्प बताया गया है। छत्तीसगढ़ के सभी जिलों में आज यह हड़ताल सरकारी सेक्टर में रही। जबकि औपचारिक कामकाज के लिए गिनती के कर्मचारी मौके पर रहे। कोरबा के आईटीआई तानसेन चौराहा पर कर्मियों ने पंडाल लगाकर धरना दिया। ब्लॉक मुख्यालय में भी उन्होंने ऐसे आयोजन किए और हड़ताल के औचित्य व मांगों की प्रासंगिकता के बारे में बात रखी। वे 4 प्रतिशत महंगाई भत्ता को बढ़ाने की मांग पर अड़े हैं। फेडरेशन का आरोप है कि विधानसभा चुनाव के दौरान छत्तीसगढ़ में इस बात को प्रचारित किया गया था कि सरकारी कर्मचारियों को केंद्र के समान महंगाई भत्ता का लाभ दिया जाएगा। लोकसभा चुनाव में भी इस मुद्दे पर फोकस किया गया। फेडरेशन ने 9 महीने बीतने के बाद भी इस मामले में नतीजे नहीं आने पर आक्रोश जताया। उन्होंने याद दिलाया कि सरकार की ओर से कहा गया था कि महंगाई भत्ते के एरियर्स की राशि कर्मियों के जीपीएफ खाते में ट्रांसफर कर दी जाएगी, उसका भी अता-पता नहीं है। कर्मियों ने अपनी तीन और मांगें रखी हैं और इन पर पुनर्विचार के साथ कार्रवाई करने को कहा है। फेडरेशन की ओर से कहा गया कि अगर वादे के तहत काम नहीं होता है तो आगे जरूरी कदम उठाए जाएंगे। अगले महीनों में पंचायत और नगरीय निकाय के चुनाव के मद्देनजर सरकार जरूर कुछ सोच सकती है।

आज की हड़ताल को लेकर स्पष्ट किया गया है कि राज्य प्रशासनिक सेवा के अधिकारियों ने न तो कोई समर्थन किया है और न ही वे हड़ताल पर हैं। उन्होंने कार्य स्थल पर अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है। जिले में प्रशासनिक सेवा के अधिकारियों की उपस्थिति से आज के कार्यदिवस पर संबंधित कामकाज काफी हद तक होने की संभावना है। अधिकारियों को अवकाश पर जाने का आवेदन देने के साथ कर्मचारी हड़ताल में शामिल हुए। पत्र में कहा गया है कि मोदी की गारंटी के तहत देय तिथि से 4 प्रतिशत डीए, जुलाई 2019 से देय तिथि पर लंबित महंगाई भत्ता का एरियर्स, एमपी की तरह 300 दिवस अर्जित अवकाश नगदीकररण, 4 स्तरीय समयमान वेतनमान और केंद्र के समान एचआरए भी दिया जाए। सभी कर्मियों ने इन मांगों को लेकर आज कलमबंद-कामबंद हड़ताल की है।

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