बलौदाबाजार घटना के दोषियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्यवाही होगी – मुख्यमंत्री साय

मुख्यमंत्री से सतनामी समाज के प्रतिनिधिमंडल ने की मुलाकात

छत्तीसगढ़ में सामाजिक समरसता के साथ विकास है हमारी सरकार की प्राथमिकता- मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय

सतनामी समाज है गुरू बाबा घासीदास के दिखाए रास्ते पर चलने वाला शांतिप्रिय समाज

रायपुर 14 जून 2024. मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ शांति का टापू है और यहां समाजिक समरसता के साथ विकास हमारी सरकार की प्राथमिकता है। इस दिशा में राज्य सरकार सदैव तत्पर हो कार्य कर रही है।

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज शाम यहां राजधानी स्थित अपने निवास कार्यालय में सतनामी महासभा समिति के प्रतिनिधिमंडल से चर्चा के दौरान यह बात कही। उन्होंने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त करते हुए कहा कि हाल ही में बलौदाबाजार जिले की घटना बहुत ही निंदनीय है। इसमें दोषियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्यवाही होगी। उन्होंने इस दौरान समाज के लोगों को आश्वस्त किया कि निर्दोष लोगों को किसी भी तरह से प्रताड़ित नहीं किया जाएगा। उन्होंने समाज के लोगों को भरोसा दिलाया कि शासन- प्रशासन द्वारा की जाने वाली कार्यवाही पूर्णतः न्यायसंगत होगी।

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय से मुलाकात के दौरान प्रतिनिधिमंडल ने एक स्वर से कहा कि राज्य सरकार द्वारा प्रदेश में शांति एवं सद्भावना बनाये रखने के लिए किए जा रहे कार्यों में समाज की पूर्णतः सहभागिता है और आगे भी रहेगी। उनके द्वारा बताया गया कि सतनामी समाज बाबा गुरु घासीदास का अनुयायी है और यह सदैव से एक शांतिप्रिय समाज रहा है। सतनामी समाज इस घटना की कड़ी निंदा करता है । घटना को असमाजिक तत्वों द्वारा अंजाम दिया गया है इसमें समाज की कोई संलिप्तता नहीं है। समाज मे इस घटना को लेकर गहरा दुख है। हम चाहते हैं कि जिन्होंने इस घटना को अंजाम दिया है, उनके खिलाफ कड़ी कार्यवाही हो। ताकि ऐसी घटना की पुनरावृत्ति ना होने पाए।

इस अवसर पर गृहमंत्री श्री विजय शर्मा, राजस्व मंत्री श्री टंकराम वर्मा, भूतपूर्व मंत्री एवं विधायक श्री पुन्नू लाल मोहले और सतनामी समाज के प्रमुख सर्वश्री डॉ बसन्त अंचल, लक्ष्मी सिन्हा, चौथराम भारद्वाज, राजेश आदिले, भुवनलाल लहरे, भरत लाल खांडे, रामेश्वर सोनहरे, एमपी कुर्रे, दिनेश लहरे, डॉ एस एल निराला, प्रदीप श्रृंगी, देवेंद्र रात्रे, डॉ प्रकाश कुर्रे आदि शामिल थे।

Spread the word

You may have missed