एसडीएम की उपस्थिति में कल होगी त्रिपक्षीय वार्ता

कोरबा 12 जून। बांकीमोंगरा क्षेत्र के खनन प्रभावित गांवो बांकी बस्ती, मड़वाढोढा व पुरैना में एसईसीएल द्वारा जल आपूर्ति बंद किए जाने से परेशान सैकड़ों ग्रामीणों ने चक्काजाम कर दिया। इससे मार्ग में दोनो तरफ वाहनों की लंबी कतार लग गई। एसईसीएल प्रबंधन एव आंदोलनकारी माकपा और ग्रामीणों के मध्य बातचीत हुई पर कोई सकारात्मक परिणाम नहीं निकल सका। आंदोलनकारियों को आश्वस्त किया गया कि 13 जून को एसडीएम कार्यालय में बैठक आयोजित की जाएगी। तब 11 घंटे बाद आंदोलन रात 8.45 बजे समाप्त हुआ।

कोयला खनन के कारण खनन प्रभावित गांवों में जल स्तर काफी गिर चुका है और अपने सामाजिक उत्तरदायित्व के तहत एसईसीएल ही पीने, निस्तारी और सिंचाई के लिए पानी का प्रबंध करते आया है। लेकिन बांकी खदान बंद होने के बाद अब से एसईसीएल द्वारा इन बांकी बस्ती, पुरैना, मड़वाढोढा गांवों में जल आपूर्ति बंद कर दी गई। इससे यहां के ग्रामीणों का न केवल दैनिक दिनचर्या गड़बड़ा गई है, बल्कि खेती-किसानी पर भी प्रतिकूल असर पड़ रहा है। पेयजल को लेकर प्रभावित ग्रामीणों ने मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी की अगुवाई में बांकीबस्ती के पास चक्काजाम कर दिया। आंदोलन की चेतावनी के बाद एसईसीएल प्रबंधन पानी के समस्या के समाधान के प्रति गंभीर नहीं होने से ग्रामीणों में काफी आक्रोश है। माकपा नेता प्रशांत झा ने आरोप लगाया कि बांकीखदान से कमाई बंद होते ही अब एसईसीएल अपने सामाजिक उत्तरदायित्वों को पूरा करने से मुकर रहा है। पानी जैसी बुनियादी सुविधाओं को पाना ग्रामीणों का अधिकार है। पानी की समस्या समाधान का लिखित आश्वासन देने के बाद भी एसईसीएल प्रबंधन अपने वायदे को पूरा नहीं करता है इसलिए आश्वासन में नहीं आएंगे और जब तक पानी नहीं मिलेगा तब तक चक्काजाम जारी रहेगा।

किसान सभा के जिलाध्यक्ष जवाहर सिंह कंवर ने कहा कि तीनों गांव को पानी दो नहीं तो कोल परिवहन नहीं होने देंगे। इस दौरान किसान सभा के जवाहर सिंह कंवर, दीपक साहू, जय कौशिक, दामोदर, शिवरतन कंवर, देव कुंवर, सुक्रिता, समेत मोहपाल सिंह, जीर्बोधन, श्रवण दास, बजरंग दास, शिवपाल, भरत सिंह, किसन चंटू, इंद्र कुंवर, साधना बाई, गवन बाई, श्याम बाई, प्रमिला महंत, रमा देवी के साथ काफी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। आंदोलन पर नजर रखने के लिए मौके पर कटघोरा के नायब तहसीलदार, बांकी मोंगरा थाना प्रभारी के साथ बड़ी संख्या में पुलिस बल उपस्थित रहा। रात में आंदोलनकारियों को त्रिपक्षीय वार्ता करने एवं बांकी बस्ती में पानी की व्यवस्था करने का आश्वासन दिया गया।

Spread the word

You may have missed